चंपावत।
मुख्यमंत्री के ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि’ मिशन के तहत नशा तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में चंपावत पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने 799 ग्राम अवैध स्मैक (हेरोइन) के साथ तीन अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। बरामद स्मैक की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 2 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है।
पुलिस अधिकारी अजय गणपति ने बताया कि एसटीएफ कुमाऊं परिक्षेत्र, एसओजी टीम और बनबसा थाना पुलिस द्वारा सीमावर्ती क्षेत्र में लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। इसी क्रम में 14 दिसंबर 2025 को संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर तीन व्यक्तियों को रोका गया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से भारी मात्रा में अवैध हेरोइन बरामद हुई।
गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान सूरजदीप सिंह, करनेल सिंह और गुरमीत सिंह के रूप में हुई है। तीनों अभियुक्त उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के निवासी हैं। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि यह एक अंतरराज्यीय तस्कर गिरोह है, जो स्मैक की तस्करी करता है। अभियुक्त इस स्मैक को नेपाल ले जाकर बेचने की फिराक में थे।
पूछताछ के दौरान गिरोह से जुड़े एक अन्य अभियुक्त सतनाम सिंह का नाम भी सामने आया है। पुलिस ने बताया कि उसके खिलाफ भी साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं और शीघ्र ही उसके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधिकारी अजय गणपति ने बताया कि वर्ष 2025 में जनपद चंपावत में नशे के खिलाफ सख्त अभियान चलाया गया है। इस दौरान अब तक 87 मुकदमे दर्ज किए गए हैं और 140 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है। आदतन अपराधियों और बड़े तस्करों के खिलाफ पी.टी.एन.डी.पी.एस (PIT-NDPS) एक्ट एवं गैंगस्टर एक्ट के तहत भी कार्रवाई की जा रही है। जनपद में अब तक दो गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे दर्ज हो चुके हैं, जबकि तीन अभियुक्तों के खिलाफ पी.टी.एन.डी.पी.एस के तहत कार्रवाई का प्रस्ताव उत्तराखंड शासन को भेजा गया है।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशा तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए आगे भी सतर्कता और सघन कार्रवाई जारी रहेगी तथा किसी भी स्तर पर नशे के कारोबार को पनपने नहीं दिया जाएगा।








