बागेश्वर जिले के मनकोट क्षेत्र अंतर्गत छाती गांव में देर शाम उस समय सनसनी फैल गई, जब जंगल में आग बुझाने गई एक महिला घर वापस नहीं लौटी। महिला की पहचान देवकी देवी (63 वर्ष) पत्नी श्री कृष्णानंद, निवासी छाती, पोस्ट ऑफिस मनकोट, कोतवाली बागेश्वर के रूप में हुई है।
जानकारी के अनुसार देवकी देवी सायं लगभग 6 बजे गांव के समीप जंगल में लगी आग को बुझाने के लिए गई थीं। काफी देर तक घर न पहुंचने पर परिजनों और ग्रामीणों को चिंता हुई। खोजबीन के दौरान ग्रामीणों ने महिला पर तेंदुए के हमले की आशंका जताई, जिसके बाद मामले की सूचना प्रशासन को दी गई।
सूचना मिलते ही मौके पर सामाजिक कार्यकर्ता दीपक खेतवाल के नेतृत्व में ग्रामीणों ने राजस्व विभाग, वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम के साथ सघन तलाशी अभियान चलाया। देर रात करीब 12 बजे उप प्रभागीय वनाधिकारी द्वारा सूचना दी गई कि संबंधित महिला का शव छाती के जंगल में काफी दूर बरामद कर लिया गया है।
ग्रामीणों के अनुसार तेंदुए के हमले की आशंका जताई जा रही थी, हालांकि घटना के वास्तविक कारणों की पुष्टि जांच के बाद ही सकती थी। ग्रामीण ललित पांडे और दीपक खेतवाल ने कहा कि उनके द्वारा शव के पास तेंदुए को देखा गया था। वन विभाग द्वारा क्षेत्र में निगरानी बढ़ा दी गई है और ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील की गई है। साथ ही क्षेत्र में आठ ट्रेप कैमरे भी लगा दिए गए है।
घटना के बाद गांव और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। प्रभागीय वनाधिकारी आदित्य रत्न ने बताया कि उनकी टीम लगातार गश्त कर रही है महिला के पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद आवश्यक कार्यवाही की जाएगी।








