बागेश्वर : विश्व जनसंख्या दिवस के अवसर पर जन शिक्षण संस्थान बागेश्वर में असिस्टेंट कंप्यूटर ऑपरेटर एवं सिलाई प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे करीब 50 प्रशिक्षार्थियों के बीच जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस वर्ष की थीम युवाओं की आकांक्षाओं और आशाओं के अनुरूप भविष्य का निर्माण” पर आधारित कार्यक्रम में युवाओं की भूमिका, शिक्षा, कौशल विकास, डिजिटल सशक्तिकरण, स्वास्थ्य जागरूकता और जिम्मेदार नागरिकता जैसे विषयों पर चर्चा की गई। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संस्थान के निदेशक डॉ. जितेंद्र तिवारी ने कहा कि युवा देश की सबसे बड़ी शक्ति हैं। यदि उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, कौशल प्रशिक्षण, रोजगार के अवसर और सही मार्गदर्शन मिले तो वे न केवल अपने भविष्य का निर्माण कर सकते हैं, बल्कि राष्ट्र के समावेशी और सतत विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्होंने जनसंख्या स्थिरता, लैंगिक समानता और महिला सशक्तिकरण के लिए युवाओं की सक्रिय भागीदारी पर बल दिया। इस अवसर पर भूपेंद्र सिंह ने डिजिटल साक्षरता, डिजिटल इंडिया मिशन और जन शिक्षण संस्थान के वर्चुअल बैचों की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को आधुनिक तकनीक से जुड़कर आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि डिजिटल कौशल आज रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसरों का द्वार खोल रहे हैं। कार्यक्रम में प्रशिक्षार्थियों ने भी अपने विचार साझा किए और संकल्प लिया कि वे अपने कौशल, प्रतिभा और सकारात्मक सोच के माध्यम से अपने सपनों को साकार करने के साथ ही समाज में जागरूकता और जिम्मेदारी का संदेश आगे बढ़ाएंगे।








