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कपकोट की बदहाल सड़कों और शिक्षा पर ऐठानी ने जताई चिंता

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पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी ने कपकोट क्षेत्र की समस्याओं से डीएम को कराया अवगत

कपकोट (बागेश्वर)। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी ने मंगलवार को जिलाधिकारी बागेश्वर से मुलाकात कर कपकोट क्षेत्र की विभिन्न जनसमस्याओं से उन्हें अवगत कराया। उन्होंने कहा कि कपकोट भौगोलिक रूप से कठिन क्षेत्र है, परंतु यदि प्रशासनिक स्तर पर समन्वित प्रयास हों तो यहां की समस्याओं के स्थायी समाधान की दिशा में ठोस पहल संभव है।

हरीश ऐठानी ने कहा कि कपकोट क्षेत्र की सड़क एवं संपर्क व्यवस्थाएं अत्यंत दयनीय स्थिति में हैं। सड़कें न केवल आवागमन बल्कि पर्यटन विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं, इसलिए इनके सुधार को प्राथमिकता दी जानी चाहिए।

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उन्होंने बताया कि क्षेत्र में पिंडारी, सुंदरढुंगा और कफनी ग्लेशियर जैसे प्रमुख पर्यटन स्थल हैं, जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध हैं। यदि पर्यटन को स्थानीय रोजगार से जोड़ा जाए तो यह क्षेत्र आर्थिक रूप से सशक्त बन सकता है। इसके लिए एक ठोस और दीर्घकालिक पर्यटन नीति की आवश्यकता है।

शिक्षा के क्षेत्र पर प्रकाश डालते हुए उन्होंने कहा कि कपकोट विकासखंड का आदर्श मॉडल प्राथमिक विद्यालय वर्षों से उत्कृष्ट शिक्षा का केंद्र रहा है, जहाँ 300 से अधिक बच्चे अध्ययनरत हैं। यहाँ से कई बच्चे जवाहर नवोदय, सैनिक स्कूल, राजीव नवोदय और हिम ज्योति विद्यालय जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में चयनित हो चुके हैं। उन्होंने जिलाधिकारी से अनुरोध किया कि वे स्वयं इस विद्यालय का भ्रमण कर उसकी समस्याओं से अवगत हों।

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ऐठानी ने यह भी बताया कि कपकोट ब्लॉक का एकमात्र ऐठाण कन्या इंटर कॉलेज बंद होने की कगार पर है, जबकि यह विद्यालय बालिका शिक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है। उन्होंने इसके कायाकल्प की मांग की। साथ ही उन्होंने कहा कि जनपद के सरकारी, अर्ध-सरकारी और निजी विद्यालयों में कक्षा 11वीं-12वीं के विद्यार्थियों के लिए कैरियर काउंसलिंग सत्र आयोजित किए जाएं ताकि छात्र अपने भविष्य के कोर्स और रोजगार के अवसरों के प्रति जागरूक हो सकें।

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आपदा प्रबंधन की ओर ध्यान आकर्षित करते हुए उन्होंने कहा कि हड़बाड़, पद्रहपाली, कुवारी, बदियाकोट, किलपारा, कर्मी, सेरी और भंतोला जैसे गाँवों में वर्षों से विस्थापन की समस्या बनी हुई है। उन्होंने आशा जताई कि जिलाधिकारी के नेतृत्व में इन समस्याओं का ठोस और स्थायी समाधान निकलेगा।

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