बागेश्वर। नशा मुक्त उत्तराखंड अभियान के तहत उत्तरायणी मेले के दौरान औषधि विभाग ने सख्ती दिखाते हुए मेडिकल स्टोरों का औचक निरीक्षण किया। खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन से प्राप्त आदेशों तथा जिलाधिकारी के निर्देशों के अनुपालन में औषधि निरीक्षक बागेश्वर पूजा रानी द्वारा यह कार्रवाई की गई।
निरीक्षण के दौरान विशेष रूप से नारकोटिक एवं मनः प्रभावी औषधियों के क्रय-विक्रय पर कड़ी नजर रखी गई। मेडिकल स्टोरों में इन दवाओं से संबंधित बिक्री बिलों, स्टॉक रजिस्टर और रिकॉर्ड की गहन जांच की गई। यह भी सुनिश्चित किया गया कि ऐसी दवाएं केवल डॉक्टर के वैध पर्चे पर ही विक्रय की जा रही हों।
कार्रवाई के दौरान दो दवाओं के सैंपल लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए। इसके साथ ही मेडिकल स्टोरों में लाइसेंस की उपलब्धता, पंजीकृत फार्मासिस्ट की उपस्थिति में दवाओं की बिक्री, तथा सीसीटीवी कैमरों की स्थापना एवं उनकी रिकॉर्डिंग की भी जांच की गई।
औषधि निरीक्षक पूजा रानी ने स्पष्ट किया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य मेले के दौरान नशीली एवं अधोमानक दवाओं के अवैध कारोबार पर रोक लगाना और आम जनता, विशेषकर युवाओं को नशे से दूर रखना है। उन्होंने कहा कि नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित मेडिकल स्टोरों के विरुद्ध नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। औषधि विभाग की इस कार्रवाई से मेले में दवा कारोबारियों में हड़कंप देखने को मिला, वहीं आमजन ने अभियान की सराहना की।








