logo

स्वतंत्रता सेनानियों की धरती भंडारीगांव में आज भी सड़क का इंतजार, बीमार पूर्व सूबेदार को डोली से पहुंचाया सड़क तक

खबर शेयर करें -

कांडा। जिले के कांडा क्षेत्र का अटल आदर्श गांव भंडारीगांव आज भी सड़क जैसी मूलभूत सुविधा से महरूम है। हालात यह हैं कि गांव में किसी के बीमार पड़ने पर उसे उपचार के लिए सड़क तक पहुंचाने के लिए ग्रामीणों को डोली का सहारा लेना पड़ता है। शुक्रवार को पूर्व सूबेदार भूपाल सिंह रावत की तबीयत बिगड़ने पर ग्रामीणों और ग्राम प्रधान ने उन्हें डोली के सहारे पैदल रास्ते से सड़क तक पहुंचाया, जहां से उन्हें उपचार के लिए ले जाया गया।

भंडारीगांव की बदहाली इसलिए भी सवाल खड़े करती है कि इस गांव ने देश को स्वतंत्रता आंदोलन में योगदान देने वाले स्वतंत्रता सेनानी त्रिलोक सिंह डसीला और पदम सिंह डसीला जैसे दो सेनानी दिए हैं। स्वतंत्रता सेनानियों की इस धरती के ग्रामीण आजादी के दशकों बाद भी सड़क जैसी बुनियादी सुविधा के लिए संघर्ष कर रहे हैं।

यह भी पढ़ें 👉  माई भारत के कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने चित्रकला, भाषण, लोकनृत्य और नुक्कड़ नाटक से किया जागरूक

ग्रामीणों के अनुसार गांव को सड़क से जोड़ने की मांग पिछले करीब 15 वर्षों से उठाई जा रही है। ग्रामीण कई बार शासन-प्रशासन के समक्ष अपनी समस्या रख चुके हैं और आंदोलन भी कर चुके हैं, लेकिन अब तक सड़क निर्माण की दिशा में स्थायी समाधान नहीं निकल पाया है। बीमारी और आपात स्थिति में सबसे अधिक परेशानी बुजुर्गों, महिलाओं और मरीजों को उठानी पड़ती है।

यह भी पढ़ें 👉  फुलवाड़ी सड़क की मांग को वरिष्ठ नागरिक न्यास का समर्थन, जिला कार्यालय में प्रदर्शन

शासन-प्रशासन पर उपेक्षा का आरोप

ग्राम प्रधान कुंदन बोरा ने गांव की बदहाल स्थिति के लिए विधायक समेत शासन-प्रशासन पर उपेक्षा का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि वर्षों से सड़क निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन समस्या जस की तस बनी हुई है। उन्होंने कहा कि एक ओर स्वतंत्रता दिवस पर देश विकास और तरक्की की बात करेगा, वहीं दूसरी ओर भंडारीगांव के ग्रामीण आज भी मरीजों को डोली में ढोने को मजबूर हैं।

यह भी पढ़ें 👉  दीक्षारंभ कार्यक्रम में नवप्रवेशित छात्र-छात्राओं का स्वागत

जल्द सड़क से जोड़ने का दावा

कपकोट विधायक सुरेश गड़िया ने कहा कि सरकार हर गांव को सड़क सुविधा से जोड़ने के लिए काम कर रही है। जो गांव अभी सड़क सुविधा से वंचित हैं, उन्हें भी जल्द यातायात सुविधा से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। इसके लिए संबंधित विभागों को सर्वे के निर्देश दिए गए हैं।

ADVERTISEMENTS Ad Ad
Share on whatsapp