बागेश्वर:नगर के मजियाखेत क्षेत्र में पिछले कई दिनों से दो तेंदुओं की लगातार आवाजाही से स्थानीय लोग भयभीत हैं। तेंदुए देर शाम और तड़के सुबह रिहायशी इलाके के पास देखे जा रहे हैं, जिससे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। लोग अंधेरा होते ही घरों में सिमटने को मजबूर हैं।
ममता तिवारी ने बताया कि उनके परिवार में वह स्वयं, उनके पति सुभाष चंद्र तिवारी और दो बेटे रहते हैं। तेंदुओं की गतिविधियों के कारण बच्चों को अकेले बाहर भेजने में डर लग रहा है। आसपास के कई परिवार भी इसी दहशत में जीवन यापन कर रहे हैं। क्षेत्र में रहने वाले किरायेदार आरती बडोला एवं उनके बच्चे, पड़ोसी प्रदीप तम्टा, हीरा कोरंगा, हेम जोशी, उमा जोशी और शीतल राजपूत ने भी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि पहले जहां शाम के समय लोग टहलने और बच्चे खेलने निकलते थे, अब वहां सन्नाटा पसरा रहता है। पशुपालक भी अपने मवेशियों को जल्दी घर के भीतर बांधने को मजबूर हैं। लोगों को आशंका है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो कोई अप्रिय घटना घट सकती है। आरओ केवलानंद पांडे ने बताया कि क्षेत्र में तेंदुओं की सूचना मिलते ही टीम को सक्रिय कर दिया गया है। नियमित गश्त की जा रही है और तेंदुओं की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।








