बागेश्वर: मेहनरबूंगा पुलिस लाइन बाईपास सड़क का निर्माण कार्य वर्ष 2014 में शुरू हुआ था, लेकिन करीब 12 वर्ष बीत जाने के बाद भी सड़क का कार्य अधूरा पड़ा है। सड़क पर डामरीकरण नहीं होने और जल निकासी व्यवस्था ठप होने से ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। क्षेत्रवासियों का आरोप है कि धूल, जलभराव और बदहाल सड़क के कारण लोगों का जीवन प्रभावित हो गया है तथा कई लोग स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं।
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क पर प्रतिदिन सैकड़ों वाहनों की आवाजाही होती है, जिससे उड़ने वाली धूल से लोगों में दमा और सांस संबंधी बीमारियां बढ़ रही हैं। उनका आरोप है कि कई लोग लगातार धूल के कारण बीमार होकर अस्पतालों के चक्कर लगाने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि वर्ष 2014 से सड़क निर्माण अधूरा होने के बावजूद आज तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
बरसात के मौसम में स्थिति और गंभीर हो जाती है। ग्रामीणों के अनुसार सड़क की नालियां और कलमठ बंद होने से बारिश का पानी खेतों और घरों में घुस रहा है। कई घरों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है, जिससे लोगों को नुकसान उठाना पड़ रहा है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि सड़क पर बहता पानी और मलबा उनकी खेती को भी प्रभावित कर रहा है।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कई बार जिलाधिकारी और संबंधित विभागों को पत्र देने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि संबंधित विभाग के अधिकारियों से शिकायत करने पर भी संतोषजनक जवाब नहीं मिला।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और लोक निर्माण विभाग से जल्द सड़क का डामरीकरण, बंद नालियों एवं कलमठों की सफाई तथा जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। साथ ही उन्होंने क्षेत्र की स्वास्थ्य और पर्यावरणीय समस्याओं को गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई की अपेक्षा जताई है।








