बागेश्वर : जिले के बड़े निजी स्कूलों में पाठ्यपुस्तकों को लेकर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। प्रशासनिक टीम की जांच में पाया गया कि कई स्कूलों में एनसीईआरटी की सस्ती और मानक किताबों के बजाय निजी प्रकाशकों की महंगी किताबें छात्रों पर थोपी जा रही थीं। जांच बीईओ गरुड़ कमलेश्वरी मेहता, जिला सेवायोजन अधिकारी प्रवीण चंद्र गोस्वामी और रीप के परियोजना प्रबंधक आरिफ मोहम्मद खान की संयुक्त टीम द्वारा की गई। निरीक्षण के दौरान स्कूलों में निजी प्रकाशकों के साथ कमीशन आधारित व्यवस्था के संकेत भी मिले। जांच रिपोर्ट के आधार पर मुख्य शिक्षा अधिकारी विनय कुमार ने सात निजी स्कूलों को तीन दिन के भीतर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। जिन स्कूलों से जवाब मांगा गया है, उनमें गायत्री विद्या मंदिर बागेश्वर, ग्रीन फील्ड पब्लिक स्कूल गरुड़, सेंट एडम्स पब्लिक स्कूल अयारतोली गरुड़, कंट्रीवाइड पब्लिक स्कूल बड़ेत गरुड़, जिम कॉर्बेट पब्लिक स्कूल बागेश्वर, कंट्रीवाइड पब्लिक स्कूल बागेश्वर और सेंट जोसेफ एकेडमी बागेश्वर शामिल हैं। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता और अभिभावकों पर आर्थिक बोझ कम करना प्राथमिकता है। यदि स्कूलों द्वारा नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।








