बागेश्वर : हल्द्वानी के रामलीला मैदान में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा के बाद कथित तौर पर यज्ञ और गंगाजल छिड़ककर मैदान का शुद्धिकरण किए जाने का मामला तूल पकड़ गया है। इस मामले में जिला कांग्रेस कमेटी बागेश्वर के जिलाध्यक्ष अर्जुन चंद्र भट्ट ने कोतवाली प्रभारी निरीक्षक बागेश्वर को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। तहरीर के अनुसार, 8 अगस्त 2026 को हल्द्वानी के रामलीला मैदान में अनुसूचित जाति से आने वाले कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की जनसभा आयोजित हुई थी। कांग्रेस का आरोप है कि जनसभा के दो दिन बाद 10 अगस्त को गिरिश चंद्र पांडेय एवं 15 अन्य लोगों ने कथित रूप से यज्ञ और गंगाजल का छिड़काव कर मैदान का शुद्धिकरण किया। कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने तहरीर में आरोप लगाया है कि इस कृत्य से अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लोगों की भावनाओं को ठेस पहुंची तथा सामाजिक भेदभाव को बढ़ावा देने का प्रयास किया गया। तहरीर में इसे संविधान के अनुच्छेद 14 और 17 की भावना के विपरीत बताते हुए अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति अधिनियम, 1989 के तहत दंडनीय अपराध बताया गया है। तहरीर में यह भी कहा गया है कि सार्वजनिक स्थल को किसी व्यक्ति के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद अपवित्र बताकर उसका शुद्धिकरण करना समाज में अनुसूचित जाति के लोगों के प्रति कथित रूप से घृणा और भेदभाव की भावना को बढ़ावा देता है। कांग्रेस ने इस मामले में थाना प्रभारी एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल से आरोपियों के विरुद्ध एससी/एसटी एक्ट, संविधान के प्रावधानों सहित अन्य संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई करने की मांग की है। साथ ही आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग भी की गई है। वहीं, तहरीर में भाजपा नेताओं के पूर्व में दिए गए बयानों का भी उल्लेख करते हुए कांग्रेस ने इसे राजनीतिक रूप से गंभीर मामला बताया है। इस दौरान पूर्व जिलाध्यक्ष लोकमणि पाठक, हरीश ऐठानी,बसंत कुमार,हयात गिरी गोस्वामी,नरेंद्र कोरंगा,सुरेंद्र सिंह आदि मौजूद रहे।








