बागेश्वर। ऐतिहासिक एवं पौराणिक पहचान के प्रतीक उत्तरायणी मेला–2026 को भव्य, सुव्यवस्थित और सफल बनाने के उद्देश्य से शनिवार को मुख्य विकास अधिकारी (सीडीओ) आरसी तिवारी ने विकास भवन में गूगल मीट के माध्यम से विभिन्न विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में पालिकाध्यक्ष सुरेश खेतवाल भी वर्चुअल माध्यम से सम्मिलित हुए।
बैठक के दौरान सीडीओ ने 13 से 20 जनवरी तक आयोजित होने वाले उत्तरायणी मेले की तैयारियों की विभागवार गहन समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि समय बहुत कम बचा है, इसलिए जिन अधिकारियों को जो भी जिम्मेदारी सौंपी गई है, उसे हर हाल में 10 जनवरी तक पूर्ण करना सुनिश्चित करें। सीडीओ ने चेतावनी दी कि कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या खानापूर्ति स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने लोक निर्माण विभाग एवं राष्ट्रीय राजमार्ग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि अपने-अपने क्षेत्रांतर्गत नालियों की सफाई, पुलों के रंग-रोगन तथा झाड़ियों के कटान का कार्य तत्काल पूरा करें। साथ ही कहा कि सभी तोरण द्वार समय से तैयार होने चाहिए। मेले की भव्यता को लेकर सिंचाई विभाग को घाटों की विशेष सफाई और दीवारों की पुताई समय रहते पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। वहीं पर्यटन एवं खेल विभाग को कहा गया कि वे आयोजित होने वाली विभिन्न प्रतियोगिताओं की सूची पालिकाध्यक्ष से समन्वय कर अंतिम रूप दें। जल संस्थान को निर्देशित किया गया कि सभी आवश्यक अस्थायी पेयजल कनेक्शन 10 जनवरी तक अनिवार्य रूप से लगा दिए जाएं। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी अधिकारियों को एक्टिव मोड में रहकर आपसी समन्वय के साथ कार्य करने की हिदायत दी। उन्होंने कहा कि उत्तरायणी मेला जनपद की विशिष्ट पहचान है,इसलिए सभी अधिकारी संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करें। बैठक में परियोजना निदेशक शिल्पी पंत, पर्यटन अधिकारी पीके गौतम, परियोजना अधिकारी उरेडा डीएस पटवाल सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी वर्चुअल माध्यम से उपस्थित रहे।








