बागेश्वर : कांग्रेस पार्टी कार्यालय में शनिवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष हरीश ऐठानी ने प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पिछले नौ वर्षों में प्रदेश की जनता का हाल बेहाल हो गया है। भाजपा सरकार के लंबे कार्यकाल के बावजूद राज्य विकास की बजाय बदहाली की ओर बढ़ा है और आम लोग महंगाई, बेरोजगारी व असुरक्षा से जूझ रहे हैं। ऐठानी ने कहा कि आवश्यक वस्तुओं के दाम लगातार बढ़ रहे हैं, जिससे आम आदमी की कमर टूट गई है। रसोई गैस की किल्लत के चलते लोगों को लंबी-लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है, लेकिन इस समस्या को सामने लाने वालों पर कार्रवाई की जा रही है, जो लोकतंत्र के लिए चिंताजनक है। रोजगार के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि प्रदेश में बेरोजगारी दर लगातार बढ़ रही है और यह राष्ट्रीय औसत के बराबर पहुंच चुकी है। उन्होंने सरकार से मांग की कि वह श्वेत पत्र जारी कर बताए कि नौ साल में कितने युवाओं को रोजगार दिया गया। उपनल कर्मचारियों के मुद्दे को उठाते हुए ऐठानी ने कहा कि 2018 में जब उपनल कर्मचारी न्याय के लिए कोर्ट गए, तब सरकार ने प्रयाग पोर्टल के जरिए अपने समर्थकों के बच्चों को नौकरी देने का रास्ता खोल दिया, जो पूरी तरह पक्षपातपूर्ण है। उन्होंने नकल विरोधी कानून को लेकर भी सरकार को घेरा। कहा कि सरकार सख्त कानून लाने की बात करती है, लेकिन नकल कराने वाले आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं, जिससे युवाओं का भविष्य खतरे में है।
स्थानीय युवाओं के रोजगार पर चिंता जताते हुए ऐठानी ने कहा कि प्रदेश में ठेके बाहरी लोगों को दिए जा रहे हैं, जबकि यहां के युवा मजदूरी करने को मजबूर हैं। साथ ही उन्होंने मानव-वन्यजीव संघर्ष के बढ़ते मामलों पर भी चिंता जताई और कहा कि वन विभाग के पास इससे निपटने के लिए कोई ठोस योजना नहीं है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने जल्द ही इन समस्याओं पर ठोस कदम नहीं उठाए, तो आने वाले समय में जनता को और अधिक परेशानियों का सामना करना पड़ेगा।








