बागेश्वर। जनपद की 29 बंद खड़िया खदानों में खनन कार्य शुरू नहीं होने का मामला एक बार फिर गरमा गया है। पूर्व विधायक ललित फर्स्वाण ने इस मुद्दे पर खनन पट्टाधारकों और खनन से जुड़े लोगों की मांगों का समर्थन करते हुए सरकार और जिला प्रशासन से जल्द ठोस कदम उठाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि खनन कार्य शुरू नहीं होने से स्थानीय लोगों की आजीविका, रोजगार और कारोबार प्रभावित हो रहे हैं।
पूर्व विधायक के अनुसार, बागेश्वर जनपद की 29 खड़िया खदानों के खनन पट्टे केंद्र और राज्य सरकार से स्वीकृत होने के बावजूद खनन कार्य सुचारू रूप से शुरू नहीं हो पाया है। इसका सीधा असर खनन से जुड़े मजदूरों, स्थानीय व्यापारियों, वाहन संचालकों और अन्य लोगों पर पड़ रहा है। खनन गतिविधियां ठप रहने से क्षेत्र के कई लोगों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
ललित फर्स्वाण ने खनन कार्य शुरू कराने की प्रक्रिया में हो रही देरी पर चिंता जताई। उन्होंने जिला खनन अधिकारी और जिला प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि स्वीकृत खनन पट्टों पर नियमानुसार आवश्यक प्रक्रियाएं पूरी कर खनन कार्य शुरू कराने की दिशा में कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था से जुड़े इस महत्वपूर्ण विषय पर प्रशासन को गंभीरता दिखानी चाहिए।
उन्होंने मांग की कि मामले का तत्काल संज्ञान लेकर संबंधित विभाग आवश्यक नियमों और मानकों का पालन सुनिश्चित करते हुए खनन कार्य शुरू कराने के लिए प्रभावी कदम उठाएं। इससे खनन क्षेत्र से जुड़े लोगों को राहत मिलने के साथ ही स्थानीय कारोबार को भी गति मिल सकेगी।
29 खड़िया खदानों में खनन शुरू नहीं होने का मुद्दा अब रोजगार और स्थानीय अर्थव्यवस्था से जुड़ा सवाल बन गया है। ऐसे में खनन पट्टाधारकों और इससे जुड़े लोगों की निगाहें अब सरकार और जिला प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं।







